

*उत्तराखंड में बंगाली समाज का सांकेतिक धरना: मुख्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन*


उत्तराखंड के उधमसिंह नगर में बंगाली कल्याण समिति के बैनर तले बंगाली समाज ने अपनी लंबित मांगों को लेकर शनिवार को रुद्रपुर स्थित जिलाधिकारी कार्यालय में सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान समाज के लोगों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज बुलंद की।
*मुख्य मांगें:*
– *अनुसूचित जाति का दर्जा*: बंगाली समाज को अनुसूचित जाति (SC) का दर्जा देने की मांग की गई है, जो समाज वर्षों से करता आ रहा है।
– *छात्रवृत्ति योजना*: बंगाली छात्र-छात्राओं के लिए विशेष छात्रवृत्ति योजना शुरू करने की मांग की गई है, जिससे गरीब और प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को शिक्षा में बराबरी का अवसर मिल सके।
– *बंगाली पौंड, मांझी नमोशुद्र जाति के छात्रों को छात्रवृत्ति*: बंगाली पौंड, मांझी नमोशुद्र जाति के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति पुनः प्रदान करने की मांग की गई है।
– *बांग्ला भाषा को शिक्षा में शामिल करना*: शिक्षा प्रणाली में बांग्ला भाषा को एक विषय के रूप में शामिल करने की मांग की गई है, जिससे मातृभाषा से जुड़ाव बच्चों की पहचान और संस्कृति की रक्षा के लिए आवश्यक हो।
– *बंग भवन का निर्माण*: “बंग भवन” के निर्माण की आवश्यकता पर जोर दिया गया है, जिससे समाज की सांस्कृतिक गतिविधियों और सामाजिक कार्यक्रमों का संचालन सुचारू रूप से किया जा सके।
*आंदोलन की चेतावनी:*
समिति अध्यक्ष दिलीप अधिकारी ने कहा कि यदि सरकार ने जल्द इन मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं की, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। उन्होंने साफ कहा कि यह लड़ाई समाज के अस्तित्व और अधिकारों से जुड़ी है और इसे अंजाम तक पहुँचाया जाएगा।
