फर्जीवाड़ा और लापरवाही पर गिरी गाज: रुद्रपुर में 3 स्कूलों के गुरुजी नपे, DEO का कड़ा एक्शन।

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फर्जीवाड़ा और लापरवाही पर गिरी गाज: रुद्रपुर में 3 स्कूलों के गुरुजी नपे, DEO का कड़ा एक्शन।

रुद्रपुर। उधमसिंह नगर में शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन प्राथमिक विद्यालयों में मिली वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताओं पर सख्त कदम उठाया है। जिला शिक्षा अधिकारी हरेन्द्र कुमार मिश्रा के औचक निरीक्षण में गंभीर खामियां सामने आने के बाद दो प्रधानाध्यापकों और एक सहायक अध्यापिका को निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद जिले के शिक्षा महकमे में हड़कंप मच गया है।

कार्रवाई जिन विद्यालयों में हुई उनमें रा.प्रा.वि. बैतखेड़ी, रा.प्रा.वि. मडैयाहट्टू और रा.प्रा.वि. इस्लामनगर शामिल हैं। 13 फरवरी को बैतखेड़ी विद्यालय के औचक निरीक्षण के दौरान दो अलग-अलग आवागमन पंजिकाएं पाई गईं, जिससे रिकॉर्ड में हेरफेर की आशंका गहरा गई। निरीक्षण में अन्य प्रशासनिक कमियां भी सामने आईं। इस मामले में मोहम्मद यूसुफ सहित संबंधित सहायक अध्यापकों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है और विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।

वहीं 8 सितंबर 2025 को विकासखंड बाजपुर के मडैयाहट्टू विद्यालय के निरीक्षण में यह पाया गया कि प्रभारी प्रधानाध्यापक अंगन लाल बिना प्रभार हस्तांतरित किए अवकाश पर चले गए थे। विभाग द्वारा पूर्व में जारी नोटिस का जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर उनके खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई और उन्हें उप शिक्षा अधिकारी कार्यालय, रुद्रपुर से संबद्ध कर दिया गया है।

इसी तरह खटीमा क्षेत्र के इस्लामनगर विद्यालय में उपशिक्षा अधिकारी के निरीक्षण के दौरान सहायक अध्यापिका कीर्ति राना की नियुक्ति संदिग्ध पाई गई। आरोप है कि उन्होंने कूटरचित प्रमाणपत्र के आधार पर नियुक्ति प्राप्त की। स्पष्टीकरण संतोषजनक न मिलने पर उन्हें भी निलंबित कर उपशिक्षा अधिकारी कार्यालय, खटीमा से संबद्ध कर दिया गया है।

जिला शिक्षा अधिकारी हरेन्द्र कुमार मिश्रा ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि शिक्षा विभाग में किसी भी प्रकार की अनियमितता, फर्जीवाड़ा या लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने संकेत दिया कि आगे भी औचक निरीक्षण जारी रहेंगे और दोषी पाए जाने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। शिक्षा विभाग की इस सख्ती को सरकारी स्कूलों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।

Mahendra Pal