

नगर निगम द्वारा सप्तपर्णी का पेड़ जड़ से काटे जाने पर उठे कथित सवाल, शिकायतकर्ता ने जांच और कार्रवाई की मांग की


रुद्रपुर। नगर निगम क्षेत्र में Alstonia scholaris (सप्तपर्णी) के जीवित पेड़ को जड़ सहित काटे जाने का मामला सामने आने के बाद पर्यावरण संरक्षण को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इंदिरा कॉलोनी, गली नंबर-2, वार्ड नंबर 34 निवासी कमरुल हसन ने इस संबंध में संबंधित अधिकारियों को शिकायत भेजकर मामले की तत्काल जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि सप्तपर्णी जैसे महत्वपूर्ण वृक्ष को बिना उचित कारण और आवश्यक प्रक्रिया का पालन किए जड़ सहित काट दिया गया। उनका कहना है कि यदि किसी निर्माण या विकास कार्य के लिए वृक्ष हटाना जरूरी था तो पहले संबंधित विभाग से अनुमति, स्थल निरीक्षण और निर्धारित वैधानिक प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए था।
कमरुल हसन ने अधिकारियों से मांग की है कि पेड़ काटे जाने का लिखित कारण सार्वजनिक किया जाए और वृक्ष काटने से संबंधित अनुमति, स्वीकृति एवं आदेश की प्रतियां उपलब्ध कराई जाएं। साथ ही यह भी स्पष्ट किया जाए कि पेड़ काटने से पहले किस अधिकारी या विभाग ने निरीक्षण किया और किस सक्षम अधिकारी से इसकी अनुमति ली गई।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि यदि जांच में वृक्ष बिना अनुमति या निर्धारित प्रक्रिया के काटा जाना पाया जाता है तो संबंधित अधिकारी, कर्मचारी अथवा जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही पेड़ की क्षति की भरपाई के लिए नियमानुसार प्रतिपूरक वृक्षारोपण कराने की मांग भी की गई है।
शिकायतकर्ता का कहना है कि यह मामला महज एक पेड़ काटे जाने तक सीमित नहीं है, बल्कि शहरी पर्यावरण और सार्वजनिक हित से जुड़ा गंभीर विषय है। नगर निगम जैसी जिम्मेदार संस्था द्वारा यदि बिना उचित प्रक्रिया के वृक्षों को जड़ से हटाया जाता है तो इससे पर्यावरण संरक्षण को लेकर आम जनता में गलत संदेश जाता है।
उन्होंने अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष एवं तत्काल जांच कराकर की गई कार्रवाई की लिखित जानकारी उपलब्ध कराने की मांग की है।

